12 वर्षों से चली आ रही परंपरा में उमड़ा कुश्ती प्रेमियों का हुजूम
घाटमपुर। गांधी जयंती के अवसर पर शुक्रवार को घटरमहा-बैरमपुर के रौरापार चौराहे पर विराट दंगल का आयोजन किया गया। पिछले 12 वर्षों से चली आ रही इस परंपरा में जिले सहित आसपास के क्षेत्रों से पहुंचे पहलवानों ने अखाड़े में अपने दमखम और कुश्ती कौशल का प्रदर्शन किया। पहलवानों के बीच हुए रोमांचक मुकाबलों को देखने के लिए बड़ी संख्या में दर्शक मौजूद रहे।
अखाड़े में पहलवानों ने एक-दूसरे को जोरदार दांव-पेच से पटखनी देने का प्रयास किया। मुकाबलों के दौरान दर्शकों में खासा उत्साह देखने को मिला। पहलवानों के शानदार प्रदर्शन पर अखाड़े के चारों ओर तालियों की गड़गड़ाहट गूंजती रही।
दंगल में जिला पंचायत सदस्य अजय शर्मा विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए। आयोजन समिति की ओर से स्मृति चिह्न भेंटकर उनका स्वागत एवं अभिनंदन किया गया। अजय शर्मा ने अखाड़े में पहुंचे पहलवानों का उत्साहवर्धन करते हुए आयोजन की सराहना की और सफल आयोजन के लिए समिति के सदस्यों को बधाई दी।
उन्होंने कहा कि कुश्ती केवल एक खेल नहीं, बल्कि भारतीय ग्रामीण संस्कृति और परंपरा का अभिन्न हिस्सा है। ऐसे आयोजन युवाओं को स्वस्थ प्रतिस्पर्धा के लिए प्रेरित करने के साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में छिपी खेल प्रतिभाओं को सामने लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों के उभरते पहलवानों को बेहतर प्रशिक्षण, पर्याप्त संसाधन और नियमित अभ्यास की सुविधाएं उपलब्ध कराने की जरूरत है। पंचायत स्तर पर व्यायामशालाओं और खेल सुविधाओं का विकास होने से युवाओं को अपनी प्रतिभा निखारने के बेहतर अवसर मिल सकते हैं।
आयोजकों ने बताया कि क्षेत्र में दंगल की यह परंपरा लगातार 12 वर्षों से चली आ रही है। हर वर्ष गांधी जयंती के अवसर पर आयोजित होने वाले इस आयोजन में आसपास के गांवों से कुश्ती प्रेमी और पहलवान बड़ी संख्या में हिस्सा लेते हैं।

