बागपत। किसानों के लंबे समय से चल रहे आंदोलन का असर अब दिखाई देने लगा है। दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर पर बागपत के गांगनौली में इंटरचेंज बनाने की तैयारी शुरू हो गई है। इसके साथ ही करीब 10 किलोमीटर लंबी सर्विस रोड भी बनाई जाएगी। इस खबर से क्षेत्र के किसानों में खुशी का माहौल है। हालांकि, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) के अधिकारियों की ओर से अभी तक इस संबंध में आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।
गांगनौली में इंटरचेंज की उठ रही थी मांग
दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर के निर्माण के दौरान ही गांगनौली में इंटरचेंज बनाने की मांग उठने लगी थी। स्थानीय किसानों का कहना था कि क्षेत्र के लोगों की आवागमन संबंधी जरूरतों को देखते हुए यहां इंटरचेंज बनाया जाना चाहिए।
कॉरिडोर के निर्माण के दौरान गांगनौली में अस्थायी रास्ता बनाया गया था। किसानों ने इस रास्ते को बंद नहीं होने दिया और इंटरचेंज की मांग को लेकर अपना पक्ष मजबूती से रखा। अब इंटरचेंज और सर्विस रोड की तैयारी शुरू होने की जानकारी से किसानों को मांग पूरी होने की उम्मीद जगी है।
बागपत में कॉरिडोर की लंबाई करीब 51 किलोमीटर
दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर की कुल लंबाई करीब 119 किलोमीटर बताई गई है। लगभग 12 हजार करोड़ रुपये की लागत से बने इस कॉरिडोर का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 14 अप्रैल को किया था।
बागपत जिले में इस कॉरिडोर का करीब 51 किलोमीटर हिस्सा पड़ता है। यहां काठा टोल प्लाजा के अलावा अग्रवाल मंडी और जलालपुर में इंटरचेंज की व्यवस्था है। गांगनौली में नया इंटरचेंज बनने से आसपास के क्षेत्र के लोगों को आवागमन में सुविधा मिलने की उम्मीद है।
नितिन गडकरी से शुभारंभ कराने की तैयारी
बताया जा रहा है कि गांगनौली में प्रस्तावित इंटरचेंज और सर्विस रोड का शुभारंभ केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी के हाथों कराने की तैयारी की जा रही है। हालांकि, इस संबंध में आधिकारिक घोषणा का इंतजार है।

