कानपुर। दवा कारोबारी विनीत मिनोचा हत्याकांड की जांच में पुलिस को मोबाइल कॉल डिटेल और सर्च हिस्ट्री से कई अहम जानकारियां मिली हैं। पुलिस के मुताबिक, हत्या के आरोपी पुराने नौकर विशाल ने वारदात से पहले नया सिम कार्ड खरीदा था। इसी नंबर से उसने कारोबारी की बहू शालू को सात और बेटे सुब्रत को छह बार फोन किया था।
पुलिस के अनुसार, विशाल ने तीन सितंबर को नया सिम कार्ड लिया और पुराने नंबर को बंद कर दिया था। जांच में यह भी सामने आया कि हत्या से एक दिन पहले विशाल ने इंटरनेट पर धारदार चाकू से जुड़ी जानकारी सर्च की थी। पुलिस अब इन डिजिटल साक्ष्यों को मामले की पूरी कड़ी से जोड़कर जांच कर रही है।
अपार्टमेंट पहुंचने के बाद भी हुई फोन पर बातचीत
जांच में सामने आया कि विशाल और उसका साथी राजकिशोर हत्या के लिए अपार्टमेंट पहुंचे थे। पुलिस के मुताबिक, दोनों कुछ समय गार्डन में टहलते रहे और इस दौरान उनके बीच फोन पर बातचीत हुई। उपलब्ध कॉल रिकॉर्ड के अनुसार रात 10:29 बजे करीब 20 सेकंड, 10:31 बजे करीब 44 सेकंड और 10:37 बजे लगभग एक मिनट बातचीत हुई।
पुलिस का अनुमान है कि फ्लैट में दाखिल होने से पहले दोनों के बीच वारदात की योजना को लेकर बातचीत हुई होगी। जांच एजेंसियां यह भी पता लगा रही हैं कि शुरुआत में दोनों की क्या भूमिका तय थी और बाद में योजना में कोई बदलाव हुआ था या नहीं। पुलिस के अनुसार हत्या लगभग रात 11:10 से 11:25 बजे के बीच होने का अनुमान है।
हत्या के बाद भी किए गए फोन
पुलिस के मुताबिक, वारदात के बाद विशाल ने ऑनलाइन टैक्सी बुक कराने के लिए कॉल की। इसके बाद उसने अपने दोस्त नैतिक को भी कई बार फोन किया। जांच में सामने आए कॉल रिकॉर्ड को पुलिस मामले के अन्य साक्ष्यों के साथ जोड़कर देख रही है।
क्या है पूरा मामला?
इंदिरा नगर निवासी दवा कारोबारी विनीत मिनोचा की पांच सितंबर की रात उनके फ्लैट में चाकू से हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने मामले में कारोबारी के पुराने नौकर विशाल उर्फ शिवम/शुभम और उसके साथी राजकिशोर को गिरफ्तार किया था। विशाल ने पूछताछ में कारोबारी की बहू शालू पर हत्या की साजिश में भूमिका होने का आरोप लगाया था।
जांच के दौरान कारोबारी के बेटे सुब्रत और विशाल के बीच हुई बातचीत भी पुलिस की जांच के दायरे में है। पुलिस कॉल डिटेल, सीसीटीवी फुटेज और अन्य डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर मामले की कड़ियां जोड़ रही है।

