औरैया विचित्र पहल द्वारा पर्यावरण संरक्षण को दृष्टिगत रखते हुए सार्वजनिक स्थानों व धार्मिक स्थलों को क्लीन व ग्रीन रखने के उद्देश्य से शहर व ग्रामीण क्षेत्रों में जीवनधारा पौधारोपण अभियान लक्ष्य-5100 पौधों के पौधारोपण के लिए अभियान निरंतर चलाया जा रहा है, जिसके अंतर्गत समिति के सदस्यों द्वारा यमुना तट पर स्थित अंत्येष्टि स्थलों का निरीक्षण व संबंधित समस्याओं की जानकारी के उपरांत अंत्येष्टि स्थल के समीप पौधारोपण अभियान चलाया गया। .पौधारोपण के अंतर्गत पीपल, बरगद, नीम, हरसिंगार, पकड़िया, केसिया व चितवन आदि के पौधों का पौधारोपण किया गया, पौधों के देखभाल व सुरक्षा की जिम्मेदारी यमुना मैया के सेवादारों को सौंपी गई, जीवनधारा पौधारोपण अभियान में समिति के अध्यक्ष राजीव पोरवाल (रानू) ने कहा कि मानव जीवन के लिए वन संरक्षण अत्यंत आवश्यक है, क्योंकि वृक्ष धरा का पोषण करने के साथ-साथ पर्यावरण प्रदूषण को दूर कर शुद्ध जीवनदायिनी आक्सीजन प्रदान करते हैं, जो मानव जीवन के लिए अति महत्वपूर्ण हैं।
अभियान के अंतर्गत समिति के संस्थापक आनन्द नाथ गुप्ता एडवोकेट ने कहा कि वृक्ष मानसून को अपनी ओर आकर्षित कर वर्षा करने में सहायक होते हैं, वन जीवों की रक्षा, जलवायु परिवर्तन से बचने तथा आगे आने वाली पीढ़ी के स्वस्थ व निरोगी जीवन व प्रत्येक व्यक्ति को जन्म देने वाली मां व अपने बच्चों के नाम से पौधारोपण करना चाहिए, उन्होंने कहा कि पेड़ पौधे केवल हरियाली के लिए ही नहीं बल्कि मानव जीवन की खुशीहाली के लिए औषधि स्वरूप होते हैं। पेड़ पौधों का महत्व समझने वाले जागरूक लोगों को पर्यावरण संतुलन की दृष्टि से अनुकूल मौसम में पौधारोपण अपनी दिनचर्या में सम्मिलित करना चाहिए।